Asim Bakshi

अभी बाकी है

ताज़ी ताज़ी साँस अभी बाकी है,
नयी नयी आस अभी बाकी है। 
उदास मत हो ऐ प्यारे इंसान,
जीने की प्यास अभी बाकी है। 

तुझे क्या खबर ऐ नयी मुसीबत,
दुआओ का दौर अभी बाकी है। 
कभी कभी लेती है इम्तेहान किस्मत,
खुशियों का शोर अभी बाकी है। 

सब एक है सब एक रहेंगे,
दुनिया में घोंसले अभी बाकि है। 
कितना भी डरा ऐ बिमारी,
दिल में होंसले अभी बाकी है। 

तुम देखना तो सही,
एक नयी दुनिया उभर आएगी। 
नफरत सारी खत्म हो जाएगी,
ऐसी सुहानी घड़ियाँ अभी बाकी है !!

-आसिम !!!

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